Breaking News

आज से बीएचयू में आठ नयी सेवाएं शुरू, गरीबों को राहत

bhu
-आपातकाल में अगले 24 घंटे मिलेगी मुफ्त दवा
-जनता प्राइवेट प्रेक्टिस कर रहे चिकित्सकों का नाम, स्थान व्हाट्सअप नम्बर 9415336707 पर भेजें
-प्राइवेट प्रेक्टिस करने वालो के खिलाफ होगी सख्ती
-गरीब मरीजों को अगले 24 घंटे तक मुफ्त इलाज
वाराणसी। सर सुन्दरलाल अस्पताल(बीएचयू) में आज से आम जनता के लिए आठ नई सेवाएं  व सुविधाएं और जुड जायेगीं जिससे आम जन को काफी राहत मिलेगी। इन सेवाओं में एमडीआर वार्ड, थैलासीमिया वार्ड, एचडीआर( ब्रैक्रीथिरैपी) यूनिट, आपात कक्ष से एक्स-रे, एमआरआई, सीटी स्कैन जाने हेतु सुगम मार्ग, नवीनीकृत आधुनिक सुविधायुक्त रक्त कोष, महामना शिशु पालना गृह, छात्र स्वास्थ्य सेवा संकुल में नवनिर्मित प्रथम तल एवं स्टेट ऑफ आर्ट इम्प्लांट डेंटल यूनिट की सेवाएं है। इसका लोकार्पण आज कुलपति प्रो. जी. सी. त्रिपाठी डॉक्टर्स लाउंज में करेंगे।
बीएचयू मंे आयोजित प्रेस कान्फें्रस एमएस ड़ॉ. ओ.पी. उपाध्याय ने बताया कि अस्पताल को पेशेंट फ्रेंडली बनाने में हम काफी हद तक सफल हुए है। इसके लिए जरुरी होता है मरीज को बेहतर सुबिधा दें। अस्पताल जब संसाधनों से लैस रहेगा तभी हम जाकर चिकित्सा के क्षेत्र में और भी बेहतर कदम उठा सकते है। डॉ. उपाध्याय ने बताया कि अस्पताल में नर्सों की भर्ती के लिए स्वीकृति मिल गई है जिस पर अगले हफ्ते के बाद काम शुरु कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यूजीसी द्वारा बीएचयू को मिलने वाले प्रति बेड के अनुदान को 1 लाख से बढाकर 2 लाख कर दिया गया है। जिससे आपातकाल और ट्रामा सेंटर में आने वाले गरीब मरीजों को अगले 24 घंटे तक मुफ्त इलाज दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि मरीज को अपने साथ बीपीएल कार्ड लाना होगा। इस सेवा को मई माह के अंतिम सप्ताह से शुरु करने का दावा किया है। डॉ. उपाध्याय ने बताया कि यदि परिणाम संतोषजनक रहे तो अगले वर्ष यह रकम 5 लाख प्रति बेड हो सकती है। सरकार द्वारा सरकारी चिकित्सकों के प्राइवेट प्रेक्टिस के सवाल पर कहा कि मेरे सभी चिकित्सक ईमानदार है यदि कोई एक चिकित्सक प्राइवेट प्रेक्टिस करता है तो उसके खिलाफ सख्ती की जायेगी। जनता प्राइवेट प्रेक्टिस कर रहे चिकित्सकों का नाम, स्थान और समय उचित हो तो वीडियो क्लिप बनाकर हमारे व्हाट्सअप नम्बर 9415336707 पर भेज दें। भेजने वाले का पहचान गुप्त रखा जाएगा। उन्होंने वादा किया कि शिकायत आने पर पुख्ता सुबूत मिल गया तो हफ्ते भर के भीतर अस्पताल बड़ी कार्यवाही करेगा।

Share

Related posts

Share