South Korea : इस देश ने घड़ी की सुई को घुमाया पीछे, अब हर शख्‍स की उम्र होगी 2 साल कम! इससे होगा क्या फायदा ?

South Korea : इस देश ने घड़ी की सुई को घुमाया पीछे, अब हर शख्‍स की उम्र होगी 2 साल कम! इससे होगा क्या फायदा ?

दक्षिण कोरिया उम्र गणना पद्धति: युवा दिखने की नई विधि

जब बात उम्र बढ़ने की आती है, तो कई लोगों को चिंता सताती है। हर साल उम्र बढ़ाते हुए युवा दिखने की कोशिश की जाती है और यह दक्षिण कोरिया में अब एक नई बदलाव आया है। अब से दक्षिण कोरिया में रहने वाले लोग बुधवार को अपनी उम्र में एक या दो साल कम हो जाएंगे। यह बदलाव 28 जून को लागू हो गया है और इसका मतलब है कि देश की पारंपरिक उम्र गणना पद्धति को छोड़कर अंतर्राष्ट्रीय मानदंड का प्रयोग किया जाएगा।

क्या सचमुच युवा हो गए हैं सभी लोग?

यह सवाल सही मायनों में ज़रूर उठता है। लेकिन, यह सच नहीं है कि ये बदलाव लोगों को युवा बना देगा। यह बदलाव केवल कानूनी उम्र को एक या दो साल कम करने का है। दक्षिण कोरिया के पारंपरिक उम्र गणना पद्धति में, जो कि आधिकारिक तौर पर “한국식 만나이” (Korean Age) के रूप में जानी जाती है, व्यक्ति का जन्मदिन परंतु नहीं, नए साल के दिन माना जाता है। इसलिए, दक्षिण कोरिया में पैदा हुए व्यक्ति जन्मदिन से अपनी उम्र बढ़ाते हैं।

उदाहरण के तौर पर, यदि कोई व्यक्ति 31 दिसंबर को जन्म हुआ है और उसकी उम्र 2023 में 30 हो रही है, तो पारंपरिक उम्र गणना पद्धति के अनुसार वह 2023 में 32 वर्ष का माना जाएगा। हालांकि, यदि उसी व्यक्ति का जन्मदिन बुधवार को होता है, तो नया अंतर्राष्ट्रीय मानदंड उपयोग करने पर उसकी उम्र 2023 में 31 ही रहेगी।

यह नया तरीका उम्र गणना का दक्षिण कोरिया में लागू होने से कई लोगों को लाभ हो सकता है। यह उन लोगों को अधिक समय देगा जो पारंपरिक उम्र गणना पद्धति के कारण अपनी उम्र में काफी आगे दिखते हैं। यह बदलाव व्यक्ति की आत्मविश्वास और सामाजिक स्थिति पर भी प्रभाव डाल सकता है, क्योंकि अब वे अपनी वास्तविक उम्र के अनुसार पहचान सकेंगे।

इस नए तरीके के लागू होने से पहले, दक्षिण कोरिया में कई लोग अपनी उम्र को नजरअंदाज़ कर देते थे, क्योंकि उम्र बढ़ाने के साथ उन्हें बचपन छोड़कर परिवार और सामाजिक जिम्मेदारियों की ओर ध्यान देना पड़ता था। इससे ऐसा भी होता था कि कुछ लोग अपनी पेशेवर या शैक्षिक गतिविधियों में आगे नहीं बढ़ पाते थे क्योंकि उनकी पारंपरिक उम्र उनके योग्यता और अनुभव के मान का पता नहीं चलने देती थी।

इस नई बदलाव के साथ, दक्षिण कोरिया में अब लोगों को अपनी वास्तविक उम्र के अनुसार जीने का मौका मिलेगा। यह उन्हें आगे बढ़ने की स्वतंत्रता देगा और वे अपने व्यक्तित्व और कौशलों को विकसित करने में पूरी तरह से ध्यान केंद्रित कर सकेंगे। इससे दक्षिण कोरिया के युवाओं को पेशेवर और शैक्षिक स्तर पर आगे बढ़ने के लिए बेहतर अवसर मिलेंगे और उन्हें अपने सपनों को पूरा करने का अवसर मिलेगा।

इस नए उम्र गणना पद्धति के साथ, दक्षिण कोरिया एक नई पहचान की ओर बढ़ रहा है। यह एक मोड़ है जो देश को युवाओं के पोटेंशियल और समृद्धि को पहचानने की संकेत दे रहा है। इससे न केवल व्यक्ति को अपने उद्यम, करियर, और सामाजिक जीवन में स्थान बढ़ाने का मौका मिलेगा, बल्कि यह देश की प्रगति को भी बढ़ावा देगा।

अंतर्राष्ट्रीय मानदंड के अनुसार उम्र गणना पद्धति को अपनाने से दक्षिण कोरिया ने एक नया अध्याय शुरू किया है जो सामाजिक, आर्थिक, और व्यक्तिगत स्तरों पर वृद्धि का संकेत करता है। यह बदलाव उम्र को सिर्फ एक आंकड़े से ज्यादा होने के रूप में नहीं देखेगा, बल्कि इसे एक उम्र ही कहकर मानेगा जो व्यक्ति की जीवन गतिविधियों और योग्यताओं के मान को पहचानेगी।

By Vijay Srivastava